Mon. Feb 25th, 2019

टीम इंडिया पर दबाव, इन अहम बदलाव के साथ उतरेगा भारत

दुनियाभर के क्रिकेट प्रेमियों की निगाहें बुधवार दोपहर से यहां के स्टेडियम पर टिकी रहेंगी क्योंकि एशिया कप में भारत और पाकिस्तान के बीच बहुप्रतिक्षित मुकाबला होगा। इस हाईवोल्टेज मुकाबले में टीम इंडिया पर ज्यादा दबाव रहेगा क्योंकि उसे हांगकांग को हराने में कड़ा संघर्ष करना पड़ा था। भारत इस महत्वपूर्ण मुकाबले में कई बदलाव के साथ मैदान में उतरेगा। दोनों टीमें इससे पहले पिछले साल चैम्पियंस ट्रॉफी के फाइनल में भिड़ी थीं जहां पाकिस्तान ने बाजी मारी थी। भारत उस हार का बदला लेने के इरादे से मैदान में होगा। भारत कई बदलाव के साथ मैदान में दिखेगा। दिनेश कार्तिक की जगह केएल राहुल की प्लेइंग इलेवन में वापसी होगी जबकि शार्दुल ठाकुर की जगह हार्दिक पांड्या को मौका मिलेगा। भारत की तरफ से युवा तेज गेंदबाज खलील अहमद ने हांगकांग के खिलाफ शानदार डेब्यू किया था, इसके बावजूद उन्हें पाकिस्तान के खिलाफ बाहर बैठना होगा क्योंकि जसप्रीत बुमराह की प्लेइंग इलेवन में वापसी होगी।

भारत को यदि पाकिस्तान को हराना है तो पहले मैच की तुलना में सुधरा हुआ प्रदर्शन करना होगा। शिखर धवन का हांगकांग के खिलाफ फॉर्म में आना टीम के लिए शुभ संकेत है। अंबाती रायुडू और केदार जाधव को अपनी भूमिका निभानी होगी। महेंद्रसिंह धोनी पर बल्लेबाजी को लेकर बहुत दबाव होगा और उनके लिए आलोचकों का मुंह बंद करने का यह सुनहरा मौका होगा।

वहीं पाकिस्तान की बात की जाए तो उसकी बल्लेबाजी बाबर आजम, फखर जमान के जिम्मे है। जमान ने ही चैम्पियंस ट्रॉफी के फाइनल में भारत के खिलाफ बेहतरीन बल्लेबाजी की थी और विशाल स्कोर खड़ा कर टीम की जीत की नींव रखी थी। उन्होंने हाल ही में जिम्बाब्वे के खिलाफ दोहरा शतक भी जड़ा है। उनका बल्ला रंग में है जो भारत के लिए अच्छे संकेत नहीं है। हांगकांग के खिलाफ इमाम उल हक ने अर्धशतक लगाया। फखर और इमाम की सलामी जोड़ी भारतीय गेंदबाजों को परेशान करने का माद्दा रखती है। पाकिस्तान की ताकत उसकी गेंदबाजी है। अपनी गेंदबाजी के दम पर ही पाकिस्तान ने चैम्पियंस ट्रॉफी में भारत पर फतह हासिल की थी। गेंदबाजी की जिम्मेदारी मुख्य रूप से हसन अली और मोहम्मद आमिर पर होगी। वहीं युवा उस्मान खान ने भी अपने हालिया प्रदर्शन से काफी प्रभावित किया है। उन्होंने पिछले मैच में तीन विकेट अपने नाम किए थे।