गौठान में बने खाद की बढ़ने लगी मांग -कृषि महाविद्यालय ने खरीदे 50 क्विंटल वर्मी कम्पोस्ट खाद.. ट्रांसपोर्ट नगर,बांजिनपाली,अशीर्वादपुरम एस एल आर एम सेंटर को बनाया गया है वर्मी खाद सेंटर.. गौधन न्याय योजना को सफल बनाने में स्वच्छ्ता दीदियों का महत्वपूर्ण योगदान -आशुतोष पांडेय..!

रायगढ़ । जिला कलेक्टर भीमसिंह के निर्देशन में गौधन न्याय योजना अंतर्गत नगर निगम आयुक्त आशुतोष पांडे ने वर्मी कंपोस्ट के लिए शहर के गौठान एवम एस एल आर एम सेंटर के टंकियों में अफ्रीकन केचुओं को डालकर खाद बनाने की प्रक्रिया आरंभ किया था जिसका प्रतिसाद अब भारी मात्रा में दिखने लगा है,सेंटर द्वारा लगभग 50 क्विंटल खाद 50000 रु का कृषि महाविद्यालय रायगढ़ को विक्रय किया गया।नगर पालिक निगम आयुक्त आशुतोष पांडे ने ट्रांसपोर्ट नगर एसएलआरएम सेंटर समेत,बांजिन पाली ,अशीर्वादपुरम सेंटर के टंकियों में गोबर खाद बनाने अफ्रीकन केचुओं को अपने हाथ से डालकर वर्मी कंपोस्ट खाद बनाने की प्रक्रिया का शुभारंभ किया था जो 45 दिनों में तैयार होता है।
शासन की महत्वकांक्षी योजना गोधन न्याय योजना के अंतर्गत आज सभी शहरी गोठान से 50 क्विंटल खाद राशि 50000 का कृषि महाविद्यालय एवम अनुसंधान केंद्र को बेचा गया प्राप्त राशि समहू के खाते में सीधे दिया जाना है।

छतीसगढ़ के मुख्यमंत्री भूपेश बघेल के महत्वाकांक्षी योजना नरवा गरवा घुरवा बारी अंतर्गत गोधन न्याय योजना में पूरे राज्य में गोठान बनाए गए, जहां गोबर खरीदी कर एकत्रित किया जा रहा है साथ ही स्वच्छ भारत मिशन क्लीन सिटी के तहत शहरों में डोर टू डोर कचरा कलेक्शन कर एसएलआरएम सेंटर में गीला एवं सूखा कचरा अलग अलग कर एकत्रित किया जा रहा है जिसे वर्मी कंपोस्ट खाद बनाने वाले विशेषज्ञों द्वारा बताए हुए विधियों अनुसार गोबर एवं गीला कचरा मिलाकर खाद बनाने की प्रक्रिया की जा रही है
गोबर खाद से हुए आय को सेंटर के स्वच्छता दीदी जो वहां खाद बनाने हेतु कार्यरत हैं उन्हें ही मानदेय के रूप में दिया जाता है इस प्रकार इस योजना से किसान, चरवाहा,महिलाएं स्वच्छता दीदी आदि लोगों को रोजगार भी मिल रहा है जिससे छत्तीसगढ़ राज्य आर्थिक दृष्टि से समृद्धसाली भी बनेगा।

नगर निगम आयुक्त आशुतोष पांडे ने बताया कि ट्रांसपोर्ट नगर,बांजिन पाली,अशीर्वादपुरम में मणिकंचन केंद्र है जहां हम गोबर खरीदी कर रहे हैं, कुछ माह पहले वर्मी कंपोस्टिंग प्रारंभ किया गया था केचुँए लाकर अलग-अलग टंकीयों में डाला गया था,अब हमारा खाद तैयार होकर शासन की योजना के अनुरूप 10 रु पर किलो की दर विक्रय किया जा रहा है कृषि महाविद्यालय रायगढ़ ने 50 क्विंटल 50000 रु का खाद लिया है हमारे पास अभी पर्याप्त मात्रा में खाद उपलब्ध है स्वच्छ्ता दीदियों के महत्वपूर्ण योगदान से सेंटर में सोर्स सेग्रिगेशन और खाद निर्मित किया जा रहा है। इसके साथ ही हम जैविक खेती की ओर आगे बढ़ रहे है।

खाद विक्रय दौरान नगर निगम के PIU प्रहलाद तिवारी सेन्टर सुपरवाइजर सरोजनी नवरंग,पूजा बाघ,प्रियंका साहू, स्वच्छता दीदी एवम कृषि महाविद्यालय एवं अनुसंधान केंद्र से डॉ ए के सिंह एवम जी आर राठिया जो वैज्ञानिक भी है के द्वारा समय समय पर महिलाओं को ट्रेनिग दिया जा रहा है वे भी उपस्थित रहे।