CHHATTISGARH featured 

तारबाहर ट्रेन हादसे के 7 साल बाद 224 करोड़ के आरओबी का प्रस्ताव तैयार

  • वर्ष 2011 में फाटक क्रास करते समय 18 लोगों की ट्रेन से कटकर हो गई थी मौत
  • योजना :  व्यापार विहार से गोविंद नगर तक 1100 मीटर लंबा आरओबी बनेगा
  • 2018-19 के बजट में सेतु संभाग को 50 लाख की स्वीकृति मिल चुकी है
  • अमृतसर हादसे से सबक लेते हुए रेलवे ने बनाई योजना, जल्द शुरू होगा काम

बिलासपुर. तारबाहर में 224 करोड़ की लागत से रेलवे ओवरब्रिज बनाने का प्रस्ताव लोक निर्माण विभाग के सेतु संभाग ने राज्य शासन को भेज दिया है। लोग यहां लंबे समय से इसकी मांग कर रहे थे। माना जा रहा है कि अमृतसर में हुई घटना से सबक लेते हुए योजना बनाई गई है।

जिस जगह पर आरअोबी का प्रस्ताव किया गया है, वहां 22 अक्टूबर 2011 को रेलवे फाटक क्राॅस कर रहे 18 से अधिक लोगों की ट्रेन की चपेट में आने से मौत हो गई थी। वहीं बड़ी संख्या में लोेग घायल हुए थे। घटना के बाद ओवरब्रिज बनाने की घोषणा की गई थी। हालांकि यहां पहले ही एक अंडरब्रिज बनाया गया है, परंतु इससे सिरगिट्टी की ओर आने जाने वालों को राहत नहीं मिली।

 

आधिकारिक जानकारी के अनुसार तारबाहर में व्यापार विहार आयल डिपो से गोविंद नगर तक 1100 मीटर फोरलेन ओवरब्रिज बनाने का प्रस्ताव बनाया गया है। आचार संहिता लागू होने के कारण इसकी फाइल पेंडिंग है। फोरलेन के लिए 2018-19 के बजट में 50 लाख रुपए की स्वीकृति मिली थी, जबकि सेतु संभाग के प्रस्ताव में रेलवे ओवरब्रिज की लागत 224.30 करोड़ आंकी गई है।

 

इस आरओबी के बनने पर व्यापार विहार की ओर से आने वाले हैवी ट्रैफिक को डायवर्ट कर सीधे बन्नाक चौक ले जाया जाएगा। सेतु संभाग के अनुविभागीय अधिकारी एचसी वर्मा ने बताया कि शासन की ओर से 12 नवंबर 2011 को आरओबी बनाने की घोषणा की गई थी।

यहां के लोगों को मिलेगी राहत 

रेलवे लाइन के उस पार बसे 10 से अधिक गांवों से रोजगार की तलाश में रोजाना बड़ी संख्या में शहर आने वाले लोगों को राहत मिलेगी। औद्योगिक क्षेत्र सिरगिट्टी सहित जिन गांवों के लोगों को इसका फायदा होगी,उनमें गोविंद नगर, धूमा, फदहाखार, धमनी, नगपुरा, कोरमी, बसिया, हरदीकला, कराड़ आदि शामिल हैं।

हड़बड़ी में बना अंडरब्रिज लोगों के लिए मुसीबत 
ट्रेन हादसे के बाद तारबाहर में रेलवे अंडरब्रिज बनाया गया है। हड़बड़ी में बनाए गए इस निर्माण से अब लोगों को परेशानियों का सामना करना पड़ रहा है। बारिश के दिनों में अंडरब्रिज में पानी भर जाता है। वहीं यह अंडरब्रिज व्यापार विहार की तरफ तो ठीक है, लेकिन सिरगिट्टी छोर पर दो रेल लाइन से पहले ही समाप्त हो जाता है। इसके चलते सिरगिट्टी की ओर जाने वालों को इसका पूरा लाभ नहीं मिल पा रहा है।

भू-अर्जन की प्रक्रिया के लिए तैयारी 
रेलवे ओवरब्रिज बनाने के लिए कई लोगों की भूमि का अधिग्रहण किया जाएगा। इसके लिए प्रस्ताव बनाने के साथ ही सेतु संभाग ने यहां पर भू-अर्जन की प्रक्रिया भी शुरू कर दी है। पहले दौर में कितने लोगों की जमीन इस आरओबी से प्रभावित होगी, उसके हकदार कौन-कौन हैं इसका डाटा तैयार किया जा रहा है।

Related posts